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Tuesday, May 5, 2026

हिंदी और अंग्रेज़ी में निजवाचकता (Reflexivization)

 


‘निजवाचकता’ (Reflexivization) वह प्रक्रिया है जिसमें वाक्य का कर्ता या कर्म एक ही व्यक्ति, वस्तु अथवा सत्ता को सूचित करते हैं। दूसरे शब्दों में, जब क्रिया का प्रभाव उसी पर पड़ता है जो क्रिया करता है, तब निजवाचक रचना बनती है। हिंदी और अंग्रेज़ी दोनों भाषाओं में निजवाचकता की व्यवस्था मिलती है, किंतु उनकी संरचना, प्रयोग और व्याकरणिक नियमों में पर्याप्त भिन्नता दिखाई देती है।

निजवाचकता क्या है?

निजवाचकता का संबंध उन सर्वनामों से है जो वाक्य के कर्ता की ओर पुनः संकेत करते हैं। उदाहरणार्थ—

राम ने स्वयं को देखा।

Ram saw himself.

इन दोनों वाक्यों में ‘राम’ और ‘स्वयं/ himself’ एक ही व्यक्ति को व्यक्त करते हैं।

अंग्रेज़ी में निजवाचकता

अंग्रेज़ी में निजवाचकता मुख्यतः reflexive pronouns के माध्यम से व्यक्त होती है। ये सर्वनाम ‘-self’ अथवा ‘-selves’ से निर्मित होते हैं।

§  पुरुष       निजवाचक सर्वनाम

§  I             myself

§  You        yourself

§  He          himself

§  She        herself

§  It            itself

§  We         ourselves

§  They      themselves

उदाहरण

Ram hurt himself.

She introduced herself.

They blamed themselves.

I prepared the report myself.

इन वाक्यों में reflexive pronoun कर्ता की ओर पुनः संकेत करता है।

हिंदी में निजवाचकता

हिंदी में निजवाचकता व्यक्त करने के लिए अनेक रूप प्रयुक्त होते हैं, जैसे—

§  अपना / अपनी / अपने

§  स्वयं

§  खुद

§  अपने आप

§  उदाहरण

राम ने अपने आप को चोट पहुँचाई।

§  सीता ने खुद को दर्पण में देखा।

§  मैंने अपना कार्य स्वयं किया।

§  बच्चों ने अपने आप को संभाला।

हिंदी में निजवाचकता की प्रणाली अंग्रेज़ी की अपेक्षा अधिक लचीली और विविधतापूर्ण है।

अपना’ का विशेष महत्व

हिंदी में ‘अपना’ एक विशिष्ट निजवाचक अधिकारसूचक सर्वनाम है। यह उस वस्तु की ओर संकेत करता है जो कर्ता से संबंधित हो।

उदाहरण

राम ने अपनी पुस्तक खो दी।

सीता अपने घर गई।

यहाँ ‘अपनी’ और ‘अपने’ कर्ता के साथ संबद्धता दर्शाते हैं।

अंग्रेज़ी में इसका सीधा समतुल्य रूप नहीं है। वहाँ ‘his own’, ‘her own’ आदि का प्रयोग किया जाता है।

Ram lost his own book.

निजवाचक और बलसूचक प्रयोग

दोनों भाषाओं में निजवाचक रूप केवल निजवाचक अर्थ ही नहीं, बल्कि बलसूचक (emphatic) अर्थ भी व्यक्त करते हैं।

अंग्रेज़ी

The principal himself came.

I myself completed the work.

हिंदी

प्रधानाचार्य स्वयं आए।

मैंने खुद यह कार्य किया।

इन उदाहरणों में reflexive forms बल या विशेष जोर प्रकट कर रहे हैं।

हिंदी और अंग्रेज़ी का तुलनात्मक अध्ययन

1. संरचनात्मक अंतर

अंग्रेज़ी में निजवाचक सर्वनामों का एक निश्चित रूप है, जबकि हिंदी में अनेक विकल्प उपलब्ध हैं।

अंग्रेज़ी      हिंदी

himself  स्वयं / खुद / अपने आप

themselves     अपने आप / स्वयं

2. लिंग और वचन का प्रभाव

अंग्रेज़ी के reflexive pronouns सीमित रूप से परिवर्तनशील हैं, जबकि हिंदी में ‘अपना’ लिंग और वचन के अनुसार बदलता है।

हिंदी        लिंग/वचन

अपना       पुल्लिंग एकवचन

अपनी       स्त्रीलिंग

अपने        बहुवचन

उदाहरण—

राम अपनी किताब लाया।

लड़के अपने घर गए।

3. वाक्य में स्थिति

अंग्रेज़ी में reflexive pronoun सामान्यतः क्रिया के बाद आता है—

She blamed herself.

हिंदी में निजवाचक पदों की स्थिति अपेक्षाकृत स्वतंत्र होती है—

उसने खुद को दोष दिया।

उसने अपने आप को दोष दिया।

4. प्रयोग की लचीलापन

हिंदी में ‘स्वयं’, ‘खुद’, ‘अपने आप’ आदि कई रूप उपलब्ध हैं, जबकि अंग्रेज़ी में सीमित reflexive pronouns हैं।

Tuesday, April 28, 2026

हिंदी में प्रेरणार्थीकरण (Causativization)

हिंदी में प्रेरणार्थीकरण (Causativization)

हिंदी में प्रेरणार्थीकरण (Causativization) वह प्रक्रिया है, जिसमें कर्ता स्वयं कार्य न करके किसी अन्य से वह कार्य करवाता है। यानी वाक्य में “काम करवाने” का भाव होता है।

 परिभाषा

जब कोई व्यक्ति किसी दूसरे व्यक्ति से कार्य करवाता है, तो उस क्रिया के रूप को प्रेरणार्थक क्रिया कहते हैं।

👉 सामान्य क्रिया → स्वयं कार्य करना

👉 प्रेरणार्थक क्रिया → किसी से कार्य करवाना

 उदाहरण -

साधारण वाक्य                   प्रेरणार्थक वाक्य

राम किताब पढ़ता है            राम मोहन से किताब पढ़वाता है

सीता खाना बनाती है           सीता नौकर से खाना बनवाती है

बच्चा लिखता है                  शिक्षक बच्चे से लिखवाता है

प्रेरणार्थीकरण के प्रकार

1. प्रथम प्रेरणार्थक (Simple Causative)

कर्ता सीधे किसी से काम करवाता है

उदाहरण:

पढ़ना → पढ़ाना

लिखना → लिखाना

2. द्वितीय प्रेरणार्थक (Double Causative)

कर्ता किसी तीसरे व्यक्ति के माध्यम से काम करवाता है

उदाहरण:

पढ़ना → पढ़वाना

लिखना → लिखवाना

क्रिया रूपांतरण के उदाहरण

मूल क्रिया        प्रथम प्रेरणार्थक     द्वितीय प्रेरणार्थक

बैठना              बैठाना                  बैठवाना

खाना              खिलाना                खिलवाना

पीना               पिलाना                 पिलवाना

करना              कराना                   करवाना 

अंग्रेजी से व्यतिरेक :

हिंदी के सापेक्ष अंग्रेजी की व्यवस्था को देखा जाए तो उसमें प्रेरणार्थीकरण की व्यवस्था नहीं पाई जाती। वहाँ पर कुछ सहायक क्रियाओं के माध्यम से इस प्रकार के वाक्य बनाए जाते हैं। अतः दोनों की संरचना में भिन्नता को निम्नलिखित प्रकार से देख सकते हैं- 

हिंदी में प्रेरणार्थीकरण रूपात्मक (morphological) होता है—यानी क्रिया के रूप में बदलाव होता है।
अंग्रेज़ी में यह अधिकतर वाक्यगत (syntactic) होता है—यानी अलग सहायक क्रियाओं (make, have, get) का प्रयोग किया जाता है।

उदाहरण :

  • हिंदी: लिखना → लिखाना → लिखवाना
  • English: write → make someone write / have someone write

संरचना (Structure)

(A) हिंदी संरचना

कर्ता + कार्यकर्ता + से + कर्म + प्रेरणार्थक क्रिया

उदाहरण:

  • राम मोहन से पत्र लिखवाता है

(B) अंग्रेज़ी संरचना

Subject + causative verb + object + base verb

उदाहरण:

  • Ram makes Mohan write a letter.
  • Ram has Mohan write a letter.

संक्षेप में- 

व्यतिरेक हिंदीअंग्रेज़ी
प्रकार        रूपात्मक (Morphological)            वाक्यगत (Syntactic)
क्रिया परिवर्तन            हाँ (जैसे -आना, -वाना)            नहीं (मुख्य क्रिया वही रहती है)
सहायक क्रिया                    नहीं                make, have, get


उदाहरण 1

  • हिंदी: सीता खाना बनाती है (स्वयं)
  • हिंदी (प्रेरणार्थक): सीता नौकर से खाना बनवाती है
  • English: Sita cooks food.
  • English (causative): Sita gets the servant to cook food.

उदाहरण 2

  • हिंदी: शिक्षक बच्चे से उत्तर लिखवाता है
  • English: The teacher makes the child write the answer

उदाहरण 3

  • हिंदी: माँ बच्चे को दूध पिलाती है
  • English: The mother makes the child drink milk



Friday, March 27, 2026

01 year Blog report : 2026